जमशेदपुर–एनआइटी: डेल्टा शूट आउट-2015 का आगाज, हुआ उद्घाटन उबड़-खाबड़ जमीन पर भावी इंजीनियरों के कारों की होगी परीक्षा

ेएनआइटी समेत विभिन्न कॉलेजों की 40 टीम के सैकड़ों प्रतिभागी ले रहें भाग   पहले दिन व्हीकल्स के ब्रेक, गियर व एक्सीलेटर आदि की हुई तकनीकी जांच

 

अजीत कुमार,जमशेदपुर,06 जनवरी

ऑटोमोबाइल इंजीनियर्स को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एनआइटी जमशेदपुर में प्रथम आयोजन से उत्साहित इस बार छह दिवसीय डेल्टा शूट आउट-बाहा स्टुडेंट इंडिया-2015 का आगाज हो गया, जो 11 जनवरी तक चलेगा. संस्थान परिसर में झारखंड सरकार के उद्योग विभाग, टाटा मोटर्स, एनआइटी, ऑटो क्लस्टर, एसिया व सिंहभूम चैंबर ऑफ कॉमर्स के संयुक्त तत्वावधान में चलने वाले इस प्रतियोगिता का मंगलवार को विधिवत उद्घाटन हुआ. मुख्य अतिथि आयोजन समिति के संरक्षक व एनआइटी के निदेशक डॉ रामबाबू कोदाली ने गुब्बारा उड़ाकर प्रतियोगिता का विधिवत उद्घाटन किया. इस मौके पर आयडा के सचिव एसके दुधानी, ऑटो क्लस्टर के एमडी व ऑनाइजिंग कमेटी के चेयरमैन आरके सिन्हा, उपाध्यक्ष संजय कुमार सिंह, सचिव प्रमोद कुमार सिंह व डॉ संजय आदि सदस्यगण उपस्थित थे. इसमें बताया गया कि संस्थान परिसर में 1.75 किमी लंबा ट्रैक का निर्माण किया गया है, जिसमें उबड़-खाबड़, पत्थर व बालू भरे हैं. इसमें मेजबान एनआइटी जमशेदपुर सेमत देशभर के अन्य 44 इंजीनियरिंग कॉलेजों छात्र भाग ले रहे हैं. अभी तक 40 टीम पहुंच चुकी है. प्रतियोगिता के पहले दिन से लेकर तीसरे दिन तक व्हीकल्स के ब्रेक, गियर व एक्सीलेटर आदि तकनीकी की जांच एक्सपर्ट टीम (विदेश के तीन सदस्य शामिल) जांच करेगी और उसके व्हीकल्स को 1.75 ट्रैक पर 20 चक्कर, यानी 35 किमी दौड़ाया जायेगा. मेजबान एनआइटी का दक्ष इस बार पूरी तैयारी में है. पिछली बार दक्ष की गाड़ी खराब हो गयी थी. अंतिम दिन 11 जनवरी को ट्रैक पर व्हीकल्स लगातार चार घंटे तक दौड़ेगा. विदित हो कि प्र्रतियोगिता के सफल आयोजन को लेकर एनआइटी को हॉस्टिंग इंस्टीच्यूटशन एवं इंडस्ट्रीयल पार्टनर आदित्यपुर ऑटो क्लस्टर को बनाया गया है. प्रतियोगिता से मैकेनिकल इंजीनियरिंग के छात्रों का उत्साहवद्र्धन होगा. साथ ही जमशेदपुर के ऑटोमोबाइल सेक्टर के उद्यमियों को ध्यान खिचेंगा. प्रतियोगिता में छात्र अपने-अपने गाड़ी का डिजाईन करेंगे. यह इस्टर्न जोन की दूसरी प्रतियोगिता है. ज्ञात हो कि इससे पूर्व एनआइटी परिसर में 23 से 26 जनवरी 2014 तक डेल्टा शूट प्रतियोगिता आयोजित हुई थी. छात्रों को कैरियर बनाने में मदद मिलेगा: डॉ कोदाली डेल्टा शूट आउट प्रतियोगिता का उद्घाटन करने के बाद आयोजन समिति के चेयरमैन व एनआइटी के निदेशक डॉ रामबाबू कोदाली ने कहा कि इस तरह के प्रतियोगिता आयोजित होने से इंजीनियरिंग के छात्रों को कैरियर बनाने में काफी मदद मिलेगा. साथ ही देश के ऑटोमोबाइल सेक्टर के उद्यमियों का ध्यान खिचेंगा और उन्हें लाभ मिलेगा. उन्होंने कहा कि विकासशील देश तभी विकसित हो सकेगा, जब क्रेयटीकल थिकिंग होगा. उन्होंने उम्मीद जतायी है कि अगले वर्ष 100 टीम भाग  लेगी।

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